मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के हरदा जिले में एक महिला ने गूगल पर हत्या के तरीके खोजकर अपने प्रेमी की मदद से अपने पति की हत्या कर दी।

मध्य प्रदेश Madhya Pradesh)  के हरदा जिले में एक महिला ने अपने प्रेमी की मदद से अपने पति की हत्या करने और शव को ठिकाने लगाने के तरीकों का इस्तेमाल करने के बाद उसे मार डाला।

घटना 18 जून को हरदा जिले के खेड़ीपुर इलाके की है।

तबस्सुम नाम की महिला ने पुलिस को अपने पति की मौत के बारे में सूचित किया, लेकिन खुद को इस बात से अनजान बताया कि यह कब हुआ।

घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटना स्थल की छानबीन शुरू कर दी है।

जांच के दौरान पुलिस ने पाया कि पति आमिर महाराष्ट्र में काम करता था। आर्थिक तंगी से जूझ रही तबस्सुम मदद के लिए दूसरे शख्स इरफान पर निर्भर रहती थी और दोनों करीब आ गए।

महाराष्ट्र में कोविड -19 लॉकडाउन लागू होने के बाद आमिर हरदा वापस चले गए।

घर में आमिर की मौजूदगी के कारण, तबस्सुम और इरफान को मिलना मुश्किल हो गया और किसी भी बाधा को खत्म करने के लिए उसे मारने का फैसला किया।

पुलिस के मुताबिक आमिर अस्थमा से पीड़ित थे और इसके लिए नियमित दवा लेते थे। तबस्सुम ने आमिर की अस्थमा की दवा बदली और उसकी जगह कोई दूसरी दवा दे दी, जिससे वह होश खो बैठी।

बाद में रात में इरफान आए और तबस्सुम की मदद से आमिर की हत्या कर दी।

पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपियों ने पीड़ित के हाथ-पैर को दुपट्टे से बांध दिया और फिर इरफान ने आमिर पर हथौड़े से हमला किया, जब तक कि उसकी जान नहीं चली गई।

तबस्सुम ने पुलिस को घटना की जानकारी दी लेकिन जांच को गुमराह करने का प्रयास किया।

पुलिस टीम जब घटना स्थल पर पहुंची तो पहली बार ऐसा लगा कि वारदात के पीछे लूट का ही मकसद है। हालांकि, पुलिस को घटना स्थल पर मौजूद समग्र साक्ष्य के आधार पर महिला पर शक था।

पुलिस ने साइबर सेल की मदद ली और तबस्सुम की कॉल डिटेल मांगी। जब पुलिस ने उसकी कॉल हिस्ट्री देखी, तो उन्हें तबस्सुम और इरफान के बीच कई फोन कॉल्स मिले, जिससे उनका शक और बढ़ गया।

पुलिस ने तब उसके Google इतिहास की खोज की और पाया कि तबस्सुम ने इंटरनेट पर हत्या करने के तरीके, हाथ और पैर बांधने के तरीके और शरीर को कैसे ठिकाने लगाने के लिए खोज की थी।

आगे की पूछताछ में महिला ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।

पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल हथियार के साथ ही खून से सने कपड़े, मोबाइल फोन और पीड़िता को बांधने के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला कपड़ा भी जब्त कर लिया है।

एसपी मनोज कुमार अग्रवाल के अनुसार, आमिर की हत्या 18 जून को की गई थी और पुलिस मामले को सुलझाने और अपराध के 24 घंटे के भीतर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार करने में सक्षम थी।

कोर्ट में दोनों आरोपियों को पेश कर जेल भेज दिया गया है।

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